10 दैनिक कार्यों में सकारात्मक बने रहें (10 Dainik kaaryon mein sakaaraatmak bane rahen)

10 दैनिक कार्यों में सकारात्मक बने रहें (10 Dainik kaaryon mein sakaaraatmak bane rahen)- क्योंकि अभी भी उम्मीद कायम है, सूर्योदय बंद नहीं है, प्रेम प्रगट करना भी बंद नहीं है। परिवार को समय  देना बंद नहीं है, दयालुता को बंद नहीं किया गया है। रचनात्मकता को बंद नहीं किया गया है, सीखना बंद नहीं है, बातचीत बंद नहीं है, लॉक डाउन में, रिश्ता निभाने के लिये भी लॉक नहीं है। प्रार्थना करना बंद नहीं है, ध्यान के लिये कोई लॉक डाउन नहीं है, उम्मीद लॉक डाउन नहीं है, जो आपके पास है उसे संजोएं।

दैनिक कार्य क्रम

1. यीशु के साथ समय बिताएं-भजन 27:8

  • तू ने कहा है, कि मेरे दर्शन के खोजी हो। इसलिये मेरा मन तुझ से कहता है, कि हे यहोवा, तेरे दर्शन का मैं खोजी रहूंगा।  भजन संहिता 27:8

2. अपने दिन में परमेश्वर को प्राथमिकता दें-मत्ती 6:33

  • इसलिये पहिले तुम उसे राज्य और धर्म की खोज करो तो ये सब वस्तुएं भी तुम्हें मिल जाएंगी।  मत्ती 6:33

3. चिंता करने के बजाय प्रार्थना करें – फिलिप्पियों 4:4

  • प्रभु में सदा आनन्दित रहो; मैं फिर कहता हूं, आनन्दित रहो।  फिलिप्पियों 4:4

4. अपने पापों के बारे में ईमानदार बनो-याकूब 4:10

  •  प्रभु के साम्हने दीन बनो, तो वह तुम्हें शिरोमणि बनाएगा। याकूब 4:10

5. दूसरों के बारे में सोचें-फिलिप्पियों 2:3-4

  • विरोध या झूठी बड़ाई के लिये कुछ न करो पर दीनता से एक दूसरे को अपने से अच्छा समझो। फिलिप्पियों 2:3
  •  हर एक अपनी ही हित की नहीं, वरन दूसरों की हित की भी चिन्ता करे।  फिलिप्पियों 2:4

6. परमेश्वर के कार्य करने के लिए धैर्यपूर्वक प्रतीक्षा करें-भजन 27:14

  • यहोवा की बाट जोहता रह; हियाव बान्ध और तेरा हृदय दृढ़ रहे; हां, यहोवा ही की बाट जोहता रह!  भजन संहिता 27:14

7. कठिन काम करने के लिए तैयार रहो – मत्ती 16:24

  • तब यीशु ने अपने चेलों से कहा; यदि कोई मेरे पीछे आना चाहे, तो अपने आप का इन्कार करे और अपना क्रूस उठाए, और मेरे पीछे हो ले। मत्ती 16:24

8.परमेश्वर का वचन पढ़ें -भजन 119:9-16

  • जवान अपनी चाल को किस उपाय से शुद्ध रखे? तेरे वचन के अनुसार सावधान रहने से।  भजन संहिता 119:9
  • मैं पूरे मन से तेरी खोज मे लगा हूं; मुझे तेरी आज्ञाओं की बाट से भटकने न दे!  भजन संहिता 119:10
  • मैं ने तेरे वचन को अपने हृदय में रख छोड़ा है, कि तेरे विरुद्ध पाप न करूं।  भजन संहिता 119:11
  • हे यहोवा, तू धन्य है; मुझे अपनी विधियां सिखा!  भजन संहिता 119:12
  • तेरे सब कहे हुए नियमों का वर्णन, मैं ने अपने मुंह से किया है।  भजन संहिता 119:13
  •  मैं तेरी चितौनियों के मार्ग से, मानों सब प्रकार के धन से हर्षित हुआ हूं।  भजन संहिता 119:14
  •  मैं तेरे उपदेशों पर ध्यान करूंगा, और तेरे मार्गों की ओर दृष्टि रखूंगा।  भजन संहिता 119:15
  •  और मैं तेरी विधियों से सुख पाऊंगा; और तेरे वचन को न भूलूंगा॥  भजन संहिता 119:16

9. वही करें जो वह कहता है-याकूब 1:22

  • परन्तु वचन पर चलने वाले बनो, और केवल सुनने वाले ही नहीं जो अपने आप को धोखा देते हैं।  याकूब 1:22

10. मसीह को मेरी अगुवाई करने दें-मत्ती 11:29

  • प्रभु यीशु ने कहा: मेरा जूआ अपने ऊपर उठा लो; और मुझ से सीखो; क्योंकि मैं नम्र और मन में दीन हूं: और तुम अपने मन में विश्राम पाओगे। मत्ती 11:29

परमेश्वर के राज्य की व्यवस्था Law of The Kingdom of God

KNOW GOD KNOW PEACE | READ & PRAYER | NO STRESS AT ALL

https://hi.wikihow.com/

सकारात्मक रूप से ध्यान को प्रभावित करने के 7 तरीके (7 Ways To Positively Influence Meditation)

10 दैनिक कार्यों में सकारात्मक बने रहें
10 दैनिक कार्यों में सकारात्मक बने रहें

10 दैनिक कार्यों में सकारात्मक बने रहें (10 Dainik kaaryon mein sakaaraatmak bane rahen)

Harshit Brave

I am a Health Care Advisor, Guide, Teacher, and Trainer. I am also a Life Counselling Coach. I have served in the healthcare field for over three decades. My work has focused on patient care, counselling, teaching, and guiding young professionals. This journey has given me profound insight into health, human behaviour, emotional resilience, and achieving a balanced life. I created Optimal Health to share practical knowledge gained through real experience. My goal is to help you build a healthy body, cultivate a calm mind, develop financial awareness, make informed decisions, and achieve spiritual peace. I believe true health means complete well-being. When your body, mind, purpose, and spirit work together, life becomes meaningful. Through my articles, videos, and guidance, I support you in: • Managing health challenges • Building positive habits • Strengthening mental resilience • Finding life direction • Growing in wisdom and spirituality I walk this path with you, not ahead of you. My role is to guide, teach, and support your journey toward a balanced and fulfilling life. Welcome to Optimal Health.