दर्शन के विषय पर बाइबल आधारित 90 से भी ज्यादा पद | 90+ VERSES ABOUT ‘VISION’ FROM THE BIBLE

दर्शन के विषय पर बाइबल आधारित 90 से भी ज्यादा पद | 90+ VERSES ABOUT ‘VISION’ FROM THE BIBLE

बाइबल से ‘दर्शन’ विषय पर 90+ पद | 90+ VERSES ABOUT ‘VISION’ FROM THE BIBLE.  तब यहोवा ने अब्राम को दर्शन देकर कहा, यह देश मैं तेरे वंश को दूंगा: और उसने वहां यहोवा के लिये जिसने उसे दर्शन दिया था, एक वेदी बनाई। उत्पत्ति 12:7।, इन बातों के पश्चात यहोवा के द्वारा यह वचन दर्शन में अब्राहम के पास पहुंचा, कि हे अब्राहम, मत डर; तेरी ढाल और तेरा अत्यन्त बड़ा फल मैं हूं। उत्पत्ति 15:1

  • जब अब्राहम निन्नानवे वर्ष का हो गया,

तब यहोवा ने उसको दर्शन देकर कहा मैं सर्वशक्तिमान ईश्वर हूं;

  • मेरी उपस्थिति में चल और सिद्ध होता जा। उत्पत्ति 17:1
  • इब्राहीम माम्रे के बांजो के बीच कड़ी धूप के समय तम्बू के द्वार पर बैठा हुआ था,
  • तब यहोवा ने उसे दर्शन दिया:उत्पत्ति 18:1
  • वहां यहोवा ने उसको दर्शन देकर कहा, मिस्र में मत जा; जो देश मैं तुझे बताऊं उसी में रह।उत्पत्ति 26:2
  • और उसी दिन यहोवा ने रात को उसे दर्शन देकर कहा, मैं तेरे पिता इब्राहीम का परमेश्वर हूं; मत डर, क्योंकि मैं तेरे साथ हूं, अपने दास इब्राहीम के कारण तुझे आशीष दूंगा,
  • और तेरा वंश बढ़ाऊंगा. उत्पत्ति 26:24
  • और यह भी कहना, कि तेरा दास याकूब हमारे पीछे पीछे आ रहा है।
  • क्योंकि उसने यह सोचा, कि यह भेंट जो मेरे आगे आगे जाती है, इसके द्वारा मैं उसके क्रोध को शान्त करके तब उसका दर्शन करूंगा; हो सकता है वह मुझ से प्रसन्न हो जाए। उत्पत्ति 32:20
  • याकूब ने कहा, नहीं नहीं, यदि तेरा अनुग्रह मुझ पर हो, तो मेरी भेंट ग्रहण कर:

क्योंकि मैं ने तेरा दर्शन पाकर, मानो परमेश्वर का दर्शन पाया है,

  • और तू मुझ से प्रसन्न हुआ है। उत्पत्ति 33:10
  • तब परमेश्वर ने याकूब से कहा, यहां से कूच करके बेतेल को जा, और वहीं रह:
  • और वहां ईश्वर के लिये वेदी बना, जिसने तुझे उस समय दर्शन दिया,
  • जब तू अपने भाई ऐसाव के डर से भागा जाता था। उत्पत्ति 35:1
  • फिर याकूब के पद्दनराम से आने के पश्चात परमेश्वर ने दूसरी बार उसको दर्शन देकर आशीष दी।उत्पत्ति 35:9
  • तब परमेश्वर ने इस्राएल से रात को दर्शन में कहा,

  • हे याकूब हे याकूब। उसने कहा, क्या आज्ञा। उत्पत्ति 46:2
  •  याकूब ने यूसुफ से कहा, सर्वशक्तिमान ईश्वर ने कनान देश के लूज नगर के पास मुझे दर्शन देकर आशीष दी, उत्पत्ति 48:3
  •  परमेश्वर के दूत ने एक कटीली फाड़ी के बीच आग की लौ में उसको दर्शन दिया;
  • और उस ने दृष्टि उठाकर देखा कि फाड़ी जल रही है, पर भस्म नहीं होती।निर्गमन 3:2
  • इसलिये अब जाकर इस्राएली पुरनियों को इकट्ठा कर,
  • और उन से कह, कि तुम्हारे पितर इब्राहीम, इसहाक, और याकूब के परमेश्वर, यहोवा ने मुझे दर्शन देकर यह कहा है,
  • कि मैं ने तुम पर और तुम से जो बर्ताव मिस्र में किया जाता है उस पर भी चित लगाया है;निर्गमन 3:16

मैं सर्वशक्तिमान ईश्वर के नाम से इब्राहीम, इसहाक, और याकूब को दर्शन देता था,

  • परन्तु यहोवा के नाम से मैं उन पर प्रगट न हुआ। निर्गमन 6:3
  • तब यहोवा ने उस तम्बू में बादल के खंभे में हो कर दर्शन दिया;
  • और बादल का खंभा तम्बू के द्वार पर ठहर गया। व्यवस्थाविवरण 31:15

इस स्त्री को यहोवा के दूत ने दर्शन देकर कहा,

  • सुन, बांझ होने के कारण तेरे बच्चा नहीं; परन्तु अब तू गर्भवती होगी और तेरे बेटा होगा। न्यायियों 13:3
  • और वह बालक शमूएल एली के सामने यहोवा की सेवा टहल करता था।
  • उन दिनों में यहोवा का वचन दुर्लभ था; और दर्शन कम मिलता था। 1 शमूएल 3:1
  • गिबोन में यहोवा ने रात को स्वप्न के द्वारा सुलैमान को दर्शन देकर कहा, जो कुछ तू चाहे कि मैं तुझे दूं, वह मांग।1 राजा 3:5
  • भवन के भीतर उस ने एक दर्शन स्थान यहोवा की वाचा का सन्दूक रखने के लिये तैयार किया।1 राजा 6:19
  • उस दर्शन-स्थान की लम्बाई चौड़ाई और ऊंचाई बीस बीस हाथ की थी; उसने उस पर चोखा सोना मढ़वाया और वेदी की तख्ती बंदी देवदारु से की।1 राजा 6:20
  • यहोवा और उसकी सामर्थ्य की खोज करो;

उसके दर्शन के लिए लगातार खोज करो।1 इतिहास 16:11

  • उसी दिन रात को परमेश्वर ने सुलैमान को दर्शन देकर उस से कहा, जो कुछ तू चाहे कि मैं तुझे दूं, वह मांग।2 इतिहास 1:7
  • तब यहोवा ने रात में उसको दर्शन दे कर उस से कहा, मैं ने तेरी प्रार्थना सुनी और इस स्थान को यज्ञ के भवन के लिये अपनाया है।2 इतिहास 7:12
  • तब यदि मेरी प्रजा के लोग जो मेरे कहलाते हैं, दीन हो कर प्रार्थना करें

और मेरे दर्शन के खोजी हो कर अपनी बुरी चाल से फिरें,

  • तो मैं स्वर्ग में से सुन कर उनका पाप क्षमा करूंगा और उनके देश को ज्यों का त्यों कर दूंगा।2 इतिहास 7:14
  • जकर्याह के दिनों में जो परमेश्वर के दर्शन के विषय समझ रखता था, वह परमेश्वर की खोज में लगा रहता था;
  •  जब तक वह यहोवा की खोज में लगा रहा, तब तक परमेश्वर उसको भाग्यवान किए रहा।2 इतिहास 26:5
  • हिजकिय्याह के और काम, और उसके भक्ति के काम आमोस के पुत्र यशायाह नबी के दर्शन नामक पुस्तक में,
  • और यहूदा और इस्राएल के राजाओं के इतिहास की पुस्तक में लिखे हैं।2 इतिहास 32:32
  • तब तब तू मुझे स्वप्नों से घबरा देता,

और दर्शनों से भयभीत कर देता है; अय्यूब 7:14

  •  अपनी खाल के इस प्रकार नाश हो जाने के बाद भी, मैं शरीर में हो कर ईश्वर का दर्शन पाऊंगा। अय्यूब 19:26
  • उसका दर्शन मैं आप अपनी आंखों से अपने लिये करूंगा, और न कोई दूसरा। यद्यपि मेरा हृदय अन्दर ही अन्दर चूर चूर भी हो जाए, तौभी मुझ में तो धर्म का मूल पाया जाता है!अय्यूब 19:27
  • स्वप्न में, वा रात को दिए हुए दर्शन में, जब मनुष्य घोर निद्रा में पड़े रहते हैं, वा बिछौने पर सोते समय,अय्यूब 33:15
  • वह ईश्वर से विनती करेगा, और वह उस से प्रसन्न होगा,

और वह आनन्द से ईश्वर का दर्शन करेगा,

  • और ईश्वर मनुष्य को ज्यों का त्यों धमीं कर देगा।अय्यूब 33:26
  • तो तू क्यों कहता है, कि वह मुझे दर्शन नहीं देता, कि यह मुकदमा उसके सामने है, और तू उसकी बाट जोहता हुआ ठहरा है? अय्यूब 35:14
  • क्योंकि यहोवा धर्मी है, वह धर्म के ही कामों से प्रसन्न रहता है; धर्मी जन उसका दर्शन पाएंगे॥भजन संहिता 11:7
  • परन्तु मैं तो धर्मी होकर तेरे मुख का दर्शन करूंगा जब मैं जानूंगा तब तेरे स्वरूप से संतुष्ट हूंगा॥भजन संहिता 17:15
  • ऐसे ही लोग उसके खोजी हैं, वे तेरे दर्शन के खोजी याकूब वंशी हैं॥ भजन संहिता 24:6
  • तू ने कहा है, कि मेरे दर्शन के खोजी हो।
  • इसलिये मेरा मन तुझ से कहता है, कि हे यहोवा, तेरे दर्शन का मैं खोजी रहूंगा। भजन संहिता 27:8

तू उन्हें दर्शन देने के गुप्त स्थान में मनुष्यों की बुरी गोष्ठी से गुप्त रखेगा;

  • और तू उन को अपने मंडप में झगड़े-रगड़े से छिपा रखेगा॥भजन संहिता 31:20
  • हे मेरे प्राण, तू क्यों गिरा जाता है? और तू अन्दर ही अन्दर क्यों व्याकुल है?
  • परमेश्वर पर आशा लगाए रह; क्योंकि मैं उसके दर्शन से उद्धार पाकर फिर उसका धन्यवाद करूंगा॥भजन संहिता 42:5
  • एक समय तू ने अपने भक्त को दर्शन देकर बातें की;
  • और कहा, मैं ने सहायता करने का भार एक वीर पर रखा है, और प्रजा में से एक को चुन कर बढ़ाया है।भजन संहिता 89:19
  • मैं उसको दीर्घायु से तृप्त करूंगा,
  • और अपने किए हुए उद्धार का दर्शन दिखाऊंगा॥ भजन संहिता 91:16
  • यहोवा और उसकी सामर्थ्य को खोजो,

उसके दर्शन के लगातार खोजी बने रहो! भजन संहिता 105:4

  • इसी कारण मैं तुझ से भेंट करने को निकली, मैं तेरे दर्शन की खोजी थी, सो अभी पाया है। नीतिवचन 7:15
  • क्योंकि जिस प्रधान का तू ने दर्शन किया हो उसके साम्हने तेरा अपमान न हो, वरन तुझ से यह कहा जाए, आगे बढ़ कर विराज॥ नीतिवचन 25:7

जहां दर्शन की बात नहीं होती, वहां लोग निरंकुश हो जाते हैं,

  • और जो व्यवस्था को मानता है वह धन्य होता है। नीतिवचन 29:18
  • आमोस के पुत्र यशायाह का दर्शन, जिसको उसने यहूदा और यरूशलेम के विषय में उज्जियाह, योताम, आहाज, हिजकिय्याह नाम यहूदा के राजाओं के दिनों में पाया। यशायाह 1:1
  • आमोस के पुत्र यशायाह का वचन, जो उसने यहूदा और यरूशलेम के विषय में दर्शन में पाया॥ यशायाह 2:1

दर्शन की तराई के विषय में भारी वचन।

  • तुम्हें क्या हुआ कि तुम सब के सब छतों पर चढ़ गए हो, यशायाह 22:1
  • क्योंकि सेनाओं के प्रभु यहोवा का ठहराया हुआ दिन होगा, जब दर्शन की तराई में कोलाहल और रौंदा जाना तथा बेचैनी होगी;
  • शहरपनाह में सुरंग लगाई जाएगी और दोहाई का शब्द पहाड़ों तक पहुंचेगा। यशायाह 22:5
  • इसलिये सारे दर्शन तुम्हारे लिये एक लपेटी और मुहर की हुई पुस्तक की बातों के समान हैं, जिसे कोई पड़े-लिखे मनुष्य को यह कहकर दे, इसे पढ़, और वह कहे, मैं नहीं पढ़ सकता क्योंकि इस पर मुहर की हुई है।यशायाह 29:11
  • यहोवा ने मुझे दूर से दर्शन देकर कहा है। मैं तुझ से सदा प्रेम रखता आया हूँ; इस कारण मैं ने तुझ पर अपनी करुणा बनाए रखी है। यिर्मयाह 31:3
  • तीसरे वर्ष के चौथे महीने के पांचवें दिन, मैं बंधुओं के बीच कबार नदी के तीर पर था,

तब स्वर्ग खुल गया, और मैं ने परमेश्वर के दर्शन पाए। यहेजकेल 1:1

  • फिर आत्मा ने मुझे उठाया, और परमेश्वर के आत्मा की शक्ति से दर्शन में मुझे कसदियों के देश में बंधुओं के पास पहुंचा दिया।
  • जो दर्शन मैंने पाया था वह लोप हो गया। यहेजकेल 11:24
  • इसलिये उन से कह, प्रभु यहोवा यों कहता है, मैं इस कहावत को बंद करूंगा; और यह कहावत इस्राएल पर फिर न चलेगी।
  • तू उन से कह कि वह दिन निकट आ गया है, और दर्शन की सब बातें पूरी होने पर हैं। यहेजकेल 12:23
  • यह दर्शन उस दर्शन के तुल्य था, जो मैं ने उसे नगर के नाश करने को आते समय देखा था; और उस दर्शन के समान, जो मैंने कबार नदी के तीर पर देखा था; मैं मुंह के बल गिर पड़ा। यहेजकेल 43:3
  • परमेश्वर ने उन चारों जवानों को सब शास्त्रों, और सब प्रकार की विद्याओं में बुद्धिमानी, प्रवीणता दी;

दानिय्येल सब प्रकार के दर्शन और स्वपन के अर्थ का ज्ञानी हो गया।

दानिय्येल 1:17

  • तब वह भेद दानिय्येल को रात के समय दर्शन के द्वारा प्रगट किया गया। सो दानिय्येल ने स्वर्ग के परमेश्वर का यह कह कर धन्यवाद किया,दानिय्येल 2:19
  • जो दर्शन मैं ने पलंग पर पाया वह यह है:
  • मैं ने देखा, कि पृथ्वी के बीचों-बीच एक वृक्ष लगा है; उसकी ऊंचाई बहुत बड़ी है। दानिय्येल 4:10
  • मैं ने पलंग पर दर्शन पाते समय क्या देखा, कि एक पवित्र पहरूआ स्वर्ग से उतर आया। दानिय्येल 4:13
  • बेलशस्सर राजा के राज्य के तीसरे वर्ष में उस पहिले दर्शन के बाद एक और बात मुझ दानिय्येल को दर्शन के द्वारा दिखाई गई।दानिय्येल 8:1
  • यह बात दर्शन में देख कर, मैं, दानिय्येल, इसके समझने का यत्न करने लगा; इतने में पुरुष के रूप धरे हुए कोई मेरे सम्मुख खड़ा हुआ देख पड़ा।दानिय्येल 8:15
  • सांझ और सवेरे के विषय में जो कुछ तू ने देखा और सुना है वह सच है;

परन्तु जो कुछ तू ने दर्शन में देखा है उसे बंद रख,

  • क्योंकि वह बहुत दिनों के बाद फलेगा॥दानिय्येल 8:26
  • तेरे लोगों और तेरे पवित्र नगर के लिये सत्तर सप्ताह ठहराए गए हैं कि उनके अंत तक अपराध का होना बंद हो,
  • पापों को अन्त और अधर्म का प्रायश्चित किया जाए, युग युग की धामिर्कता प्रगट होए; और दर्शन की बात पर और भविष्यवाणी पर छाप दी जाए,
  •  परम पवित्र का अभिषेक किया जाए।दानिय्येल 9:24
  • तब मैं अकेला रहकर यह अद्भुत दर्शन देखता रहा,
  • इस से मेरा बल जाता रहा; मैं भयातुर हो गया, और मुझ में कुछ भी बल न रहा।दानिय्येल 10:8
  • और अब मैं तुझे समझाने आया हूं, कि अंत के दिनों में तेरे लोगों की क्या दशा होगी।
  • क्योंकि जो दर्शन तू ने देखा है, वह कुछ दिनों के बाद पूरा होगा॥दानिय्येल 10:14
  • तब मनुष्य के संतान के समान किसी ने मेरे ओंठ छुए, और मैं मुंह खोल कर बोलने लगा। और जो मेरे सामने खड़ा था, उस से मैं ने कहा, हे मेरे प्रभु, दर्शन की बातों के कारण मुझ को पीड़ा सी उठी,
  • और मुझ में कुछ भी बल नहीं रहा। दानिय्येल 10:16
  • जब तक वे अपने को अपराधी मान कर मेरे दर्शन के खोजी ना होंगे तब तक मैं अपने स्थान को लौटूंगा, और जब वे संकट में पड़ेंगे, तब जी लगा कर मुझे ढूंढने लगेंगे॥ होशे 5:15

मैं ने भविष्यद्वक्ताओं के द्वारा बातें कीं, और बार बार दर्शन देता रहा;

  • और भविष्यद्वक्ताओं के द्वारा दृष्टान्त कहता आया हूं। होशे 12:10
  • उन बातों के बाद मैं सब प्राणियों पर अपनी आत्मा उण्डे लूंगा;
  • तुम्हारे बेटे-बेटियां भविष्यद्वाणी करेंगी, तुम्हारे पुरनिये स्वप्न देखेंगे, और तुम्हारे जवान दर्शन देखेंगे। योएल 2:28
  • ओबद्याह का दर्शन॥
  • हम लोगों ने यहोवा की ओर से समाचार सुना है,
  • और एक दूत अन्य जातियों में यह कहने को भेजा गया है: ओबद्दाह 1:1

नीनवे के विषय में भारी वचन। एल्कोशी नहूम के दर्शन की पुस्तक॥ नहूम 1:1

  • भारी वचन जिस को हबक्कूक नबी ने दर्शन में पाया॥ हबक्कूक 1:1

यहोवा ने मुझ से कहा, दर्शन की बातें लिख दे;

  • वरन पटियाओं पर साफ साफ लिख दे कि दौड़ते हुए भी वे सहज से पढ़ी जाएं। हबक्कूक 2:2

क्योंकि इस दर्शन की बात नियत समय में पूरी होने वाली है,

  • वरन इसके पूरे होने का समय वेग से आता है; इस में धोखा न होगा।
  • चाहे इस में विलम्ब भी हो, तौभी उसकी बाट जोहते रहना;
  • क्योंकि वह निश्चय पूरी होगी और उस में देर न होगी। हबक्कूक 2:3
  • जब वह बाहर आया, तो उन से बोल न सका: सो वे जान गए, कि उस ने मंदिर में कोई दर्शन पाया है; और वह उन से संकेत करता रहा, और गूंगा रह गया। लूका 1:22
  • जब उसकी लोथ न पाई, तो यह कहती हुई आईं, कि हम ने स्वर्गदूतों का दर्शन पाया, जिन्हों ने कहा कि वह जीवित है। लूका 24:23
  • यह तीसरी बार है, कि यीशु ने मरे हुओं में से जी उठने के बाद चेलों को दर्शन दिए॥ यूहन्ना 21:14
  • परमेश्वर कहता है, कि अन्त कि दिनों में ऐसा होगा,
  • कि मैं अपना आत्मा सब मनुष्यों पर उंडेलूंगा और तुम्हारे बेटे और तुम्हारी बेटियां भविष्यद्वाणी करेंगी,
  • तुम्हारे जवान दर्शन देखेंगे,
  • पुरिनए स्वप्न देखेंगे।  प्रेरितों के काम 2:17
  • तू ने मुझे जीवन का मार्ग बताया है;

तू मुझे अपने दर्शन के द्वारा आनन्द से भर देगा। प्रेरितों के काम 2:28

  • उस ने कहा; हे भाइयो, और पितरो सुनो, हमारा पिता इब्राहीम हारान में बसने से पहले जब मेसोपोटामिया में था; तो तेजोमय परमेश्वर ने उसे दर्शन दिया।प्रेरितों के काम 7:2
  • जब पूरे चालीस वर्ष बीत गए,
  • तो एक स्वर्गदूत ने सीनै पहाड़ के जंगल में उसे जलती हुई झाड़ी की ज्वाला में दर्शन दिया। प्रेरितों के काम 7:30
  • मूसा ने उस दर्शन को देखकर अचम्भा किया, और जब देखने के लिये पास गया, तो प्रभु का यह शब्द हुआ। प्रेरितों के काम 7:31
  • जिस मूसा को उन्होंने यह कहकर नकारा था कि तुझे किस ने हम पर हाकिम और न्यायी ठहराया है; उसी को परमेश्वर ने हाकिम और छुड़ाने वाला ठहरा कर, उस स्वर्गदूत के द्वारा जिस ने उसे झाड़ी में दर्शन दिया था, भेजा। प्रेरितों के काम 7:35
  • दमिश्क में हनन्याह नाम एक चेला था,

उस से प्रभु ने दर्शन में कहा,

  • हे हनन्याह! उस ने कहा; हां प्रभु। प्रेरितों के काम 9:10
  • उस ने दिन के तीसरे पहर के निकट दर्शन में स्पष्ट रूप से देखा,
  • कि परमेश्वर का एक स्वर्गदूत मेरे पास भीतर आकर कहता है; कि हे कुरनेलियुस। प्रेरितों के काम 10:3
  • जब पतरस अपने मन में दुविधा कर रहा था,
  • यह दर्शन जो मैं ने देखा क्या है,
  • तो देखो, वे मनुष्य जिन्हें कुरनेलियुस ने भेजा था,
  • शमौन के घर का पता लगाकर डेवढ़ी पर आ खड़े हुए।प्रेरितों के काम 10:17
  • पतरस जो उस दर्शन पर सोच ही रहा था, कि आत्मा ने उस से कहा, देख, तीन मनुष्य तेरी खोज में हैं। प्रेरितों के काम 10:19
  • मैं याफा नगर में प्रार्थना कर रहा था, और बेसुध होकर एक दर्शन देखा, कि एक पात्र, बड़ी चादर के समान चारों कोनों से लटकाया हुआ, आकाश से उतरकर मेरे पास आया। प्रेरितों के काम 11:5
  • वह निकलकर उसके पीछे हो लिया; परन्तु यह न जानता था,
  • कि जो कुछ स्वर्गदूत कर रहा है, वह सचमुच है, वरन यह समझा,

 मैं दर्शन देख रहा हूं। प्रेरितों के काम 12:9

  • और पौलुस ने रात को एक दर्शन देखा कि एक मकिदुनी पुरूष खड़ा हुआ, उस से विनती करके कहता है, कि पार उतरकर मकिदुनिया में आ; और हमारी सहायता कर।प्रेरितों के काम 16:9
  • उसके यह दर्शन देखते ही हम ने तुरन्त मकिदुनिया जाना चाहा, यह समझ कर, कि परमेश्वर ने हमें उन्हें सुसमाचार सुनाने के लिये बुलाया है॥ प्रेरितों के काम 16:10
  •  प्रभु ने रात को दर्शन के द्वारा पौलुस से कहा, मत डर, वरन कहे जा, और चुप मत रह। प्रेरितों के काम 18:9

परन्तु तू उठ, अपने पांवों पर खड़ा हो; क्योंकि मैं ने तुझे इसलिये दर्शन दिया है,

  • कि तुझे उन बातों का भी सेवक और गवाह ठहराऊं, जो तू ने देखी हैं,
  • उन का भी जिन के लिये मैं तुझे दर्शन दूंगा। प्रेरितों के काम 26:16
  • दर्शन के विषय पर बाइबल आधारित 90 से भी ज्यादा पद और संदर्भ
  • सो हे राजा अग्रिप्पा, मैं ने उस स्वर्गीय दर्शन की बात न टाली। प्रेरितों के काम 26:19
  • यद्यपि घमंड करना तो मेरे लिये ठीक नहीं तो भी करना पड़ता है;
  • सो मैं प्रभु के दिए हुए दर्शनों और प्रकाशों की चर्चा करूंगा। 2 कुरिन्थियों 12:1
  • और वह दर्शन ऐसा डरावना था, कि मूसा ने कहा; मैं बहुत डरता और कांपता हूं।इब्रानियों 12:21
  • 50 TRUTH ABOUT THE LORD JESUS CHRIST.
  • The Lord Jesus Christ Is In Every Book of the Bible. Jesus in the 66 Books of the Bible.