सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये Being a senior citizen, these things must be kept in mind

3) सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये:

सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये। Being a senior citizen, these things must be kept in mind “कैसे” वरिष्ठ नागरिकों को अपना ध्यान रखना चाहिये ? वरिष्ठ नागरिक (60-70 से ऊपर की उम्र के) अवश्य पढें ,हो सकता है आपके काम आए, और सभी के साथ शेयर करें।

“कैसे” वरिष्ठ नागरिकों को अपना ध्यान रखना चाहिये ? KNOW SOME FACTS ABOUT OLD AGE ‘STAY HAPPY & HEALTHY’. सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये : 60-70 की उम्र है, तो सावधानी जरूरी है । ढलती उम्र में ध्यान रखें अपना।

जानिए वृद्धावस्था के बारे में कुछ तथ्य ‘खुश और स्वस्थ रहें’ (KNOW SOME FACTS ABOUT OLD AGE ‘STAY HAPPY & HEALTHY’)

  • मन चाहे कितना भी जोशीला हो, और साठ की उम्र होने पर हो सकता है। 
  • आप ख़ुद को फुर्तीला व  ताकतवर समझते हों, लेकिन वास्तव में ढलती उम्र के साथ तन उतना ताकतवर और फ़ुर्तीला नहीं रह जाता ।
  • आपका शरीर ढलान पर है, जिससे ‘हड्डियां व जोड़ कमज़ोर होते ,है लेकिन मन भ्रम बनाये रखता है; कि ये काम मैं चुटकी में कर लूँगा ।
  • पर जल्द सच्चाई सामने आ जाती है लेकिन एक नुक़सान के साथ ।

सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये:

  •  धोखा तब होता है जब मन सोचता है मैं कर लूँगा और शरीर करने से चूक जाता है। परिणाम एक एक्सीडेंट और शारीरिक क्षति !
  •  यह क्षति फ़्रैक्चर से लेकर हेड इंजरी तक हो सकती है ! अर्थात कभी-कभी  जान लेवा भी हो जाती है !
  •  इसलिये हमेशा हड़बड़ी में रहने और काम करने की अपनी आदतें बदल डालें ।

भ्रम न पालें , सावधानी बरतें, क्योंकि अब आप पहले की तरह फ़ुर्तीले नहीं हैं ।

  • छोटी सी चूक भी कभी बड़े नुक़सान का कारण बन सकती है ।

सुबह नींद खुलते ही तुरंत बिस्तर छोड़ खड़े न हों,

  • क्योंकि आँखे खुल जाती हैं, लेकिन शरीर एंव नसों का रक्त प्रवाह पूर्ण चैतन्य अवस्था मे नहीं हो पाता ।
  • अतः पहले बिस्तर पर कुछ मिनट बैठे रहें और पूरी तरह चैतन्य हो लें।
  • कोशिश करें कि बैठे बैठे ही स्लीपर ,चप्पलें पैर में डालें और खड़े होने के लिये कोई सहारा लें ।
  • अक्सर यही समय होता है डगमगा कर गिर जाने का ।
  • गिरने की सबसे अधिक घटनाएँ बॉथरूम / वॉशरूम या टॉयलेट में ही होतीं हैं  । 
  •  आप चाहे अकेले हों , पति/पत्नी के साथ हों या संयुक्त परिवार में हों, बॉथरूम में अकेले ही होते हैं ।

यदि आप घर में अकेले रहते हैं, तो अतिरिक्त सावधानी बरतें, क्योंकि गिरने पर यदि उठ न सके तो दरवाज़ा तोड़कर ही आप तक सहायता पहुँच सकेगी ।

  • वह भी तब जब आप पड़ोसी तक समय से सूचना पहुँचाने में सफल हो सकेंगे ।
  • याद रखें बाथरूम में भी मोबाइल साथ हो ताकि समय पर काम आ सके। 

देशी शौचालय के बदले हमेशा यूरोपियन कमोड वाले शौचालय ही इस्तेमाल करें ।

  • यदि न हो, तो समय रहते बदलवा लें क्योंकि आवश्यकता पड़नी ही है ,चाहे कुछ समय बाद ही पड़े ।
  • संभव हो तो कमोड के पास एक हैंडिल लगवा लें ।कमज़ोरी की स्थिति में यह आवश्यक हो जाता है।
  • बाजार में प्लास्टिक के वैक्यूम हैंडिल भी मिलते हैं , जो टॉइल जैसी चिकनी सतह पर भी चिपक जाते हैं, पर इन्हें इस्तेमाल करने से पहले खींचकर ज़रूर परख लें । 
  • हमेशा आवश्यकतानुसार  ऊँचे स्टूल पर बैठकर ही नहायें ।

बॉथरूम के फ़र्श पर रबर की मैट ज़रूर बिछा कर रखें, ताकि आप फिसलन से बच सकें।

  • गीले हाथों से टाइल्स लगी दीवार का सहारा न लें, हाथ फिसलते ही आप डिसबैलेंस होकर गिर सकते हैं ।
  • बॉथरूम के ठीक बाहर सूती मैट भी रखें जो गीले तलवों से पानी सोख ले।
  • कुछ समय उस पर खड़े रह कर फिर फ़र्श पर पैर रखें वह भी सावधानी से । 

अंडरगारमेंट हों या कपड़े, अपने चेंजरूम या बेडरूम में ही आकर पहनें। अंडरवियर, पजामा या पैंट खडे़ खडे़ कभी नहीं पहनें ।

  • हमेशा दीवार का सहारा लेकर या बैठकर ही उनके पायचों मे पैर डालें, फिर खड़े होकर पहनें, वर्ना दुर्घटना घट सकती है । कभी कभी स्मार्टनेस की बहुत बड़ी क़ीमत चुकानी पड़ती है।
  • अपनी दैनिक ज़रूरत की चीज़ों को नियत जगह पर ही रखने की आदत डाल लें, जिससे उन्हें आसानी से उठाया या तलाशा जा सके ।

भूलने की ज़्यादा आदत हो, तो आवश्यक चीज़ों की लिस्ट मेज़ या दीवार पर लगा लें एवम घर से निकलते समय एक निगाह उस पर डाल लें, आसानी रहेगी ।

  • जो दवाएँ रोज़ लेनी हैं, उनको प्लास्टिक के प्लैनर में रखें जिससे जुड़ी हुई डिब्बियों में हफ़्ते भर की दवाएँ दिनवार रखी जाती हैं ।
  • अकसर भ्रम होता है कि दवाएँ ले ली हैं या भूल गये। प्लॉनर में से दवा खाने मे चूक नहीं होगी । 

सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये

सीढ़ियों से चढ़ते उतरते समय सक्षम होने पर भी  हमेशा रेलिंग का सहारा लें , ख़ासकर ऑटोमैटिक सीढ़ियों पर ।

  • ध्यान रहे आपका शरीर आपके मन का अब ओबीडियेंट सर्वेंट नहीं रहा ।
  • बढ़ती आयु में कोई भी ऐसा कार्य जो आप सदैव करते रहे हैं , उसको बन्द नहीं करना चाहिये ।
  • कम से कम अपने से सम्बन्धित अपने कार्य स्वयं ही करें ।

नित्य प्रातःकाल घर से बाहर निकलने, पार्क में जाने की आदत न छोड़ें , छोटी मोटी कसरत भी करते रहें।

  • नहीं तो आप योग व व्यायाम से दूर होते जाएंगे और शरीर के अंगों की सक्रियता ओर लचीला पन कम होती जायेगा ।
  • हर मौसम में कुछ योग-प्राणायाम अवश्य करते रहें ।
  • घर में या बाहर हुक्म चलाने की आदत छोड़ दें ।
  • अपना पानी , भोजन , दवाई इत्यादि स्वयं लें जिससे सक्रियता बनी रहे ।
  • बहुत आवश्यक होने पर ही दूसरों की सहायता लेनी चाहिए ।

सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये

घर में छोटे बच्चे हों, तो उनके साथ अधिक समय बितायें,  लेकिन उनको अधिक टोका-टोकी न करें ।

  • उनको प्यार से सिखायें । ध्यान रखें कि आपको सबसे एडजस्ट करना है न कि सबको आपसे |
  • इस एडजस्ट होने के लिये चाहे बड़ा परिवार हो , छोटा परिवार हो या कि पत्नी/पति हों , मित्र हो,पड़ोसी या समाज ।

इनको भी याद रखें:  

  • स्वाद पर नियंत्रण रखें ।   
  • कम से कम एवं आवश्यकता होने पर ही बोलें।   
  • अपनी दखलंदाज़ी कम कर दें।                 

इन मूल मंत्रों को जीवन में उतारते ही वृद्धावस्था प्रभु का वरदान बन जायेगी, जिसका बहुत कम लोग उपभोग कर पाते हैं । 

कितने भाग्यशाली हैं आप, इसको समझें ।

The Law of Success-Author Napoleon Hill

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सीनियर सिटिज़न होने पर इन बातों का ख़्याल अवश्य रखना चाहिये Being a senior citizen, these things must be kept in mind

Harshit Brave

I am a Health Care Advisor, Guide, Teacher, and Trainer. I am also a Life Counselling Coach. I have served in the healthcare field for over three decades. My work has focused on patient care, counselling, teaching, and guiding young professionals. This journey has given me profound insight into health, human behaviour, emotional resilience, and achieving a balanced life. I created Optimal Health to share practical knowledge gained through real experience. My goal is to help you build a healthy body, cultivate a calm mind, develop financial awareness, make informed decisions, and achieve spiritual peace. I believe true health means complete well-being. When your body, mind, purpose, and spirit work together, life becomes meaningful. Through my articles, videos, and guidance, I support you in: • Managing health challenges • Building positive habits • Strengthening mental resilience • Finding life direction • Growing in wisdom and spirituality I walk this path with you, not ahead of you. My role is to guide, teach, and support your journey toward a balanced and fulfilling life. Welcome to Optimal Health.